अभिनेता विजय की पार्टी तमिलगा वेत्री कझगम (TVK) ने अपने डोनेशन से जुड़े आंकड़े सार्वजनिक किए हैं। जानकारी के मुताबिक, पार्टी को करीब 13.3 करोड़ रुपये का चंदा मिला है। वर्ष 2026 के दौरान पार्टी को मिले कुल योगदान में से लगभग 99 प्रतिशत राशि आदव अर्जुन और आरवी रंजीतकुमार की ओर से दी गई है। इन आंकड़ों से पार्टी को आर्थिक योगदान देने वाले प्रमुख लोगों की भूमिका सामने आई है।
आदव अर्जुन बने TVK के सबसे बड़े दानदाता
पार्टी को मिले चंदे में आदव अर्जुन का योगदान सबसे अधिक बताया गया है। आंकड़ों के अनुसार, खेल और लोक निर्माण मंत्री अर्जुन ने पार्टी को 8.2 करोड़ रुपये दिए। वहीं, आरवी रंजीतकुमार की ओर से 5 करोड़ रुपये का योगदान दिया गया। इस तरह आदव अर्जुन पार्टी के सबसे बड़े दानदाता के रूप में सामने आए हैं और कुल डोनेशन में उनकी हिस्सेदारी लगभग 60 प्रतिशत बताई गई है। उपलब्ध आंकड़ों में 5-5 लाख रुपये के दो अन्य दान भी शामिल हैं।
अन्य संस्थाओं ने भी दिया योगदान
तमिलनाडु में कुछ अन्य संस्थाओं ने भी राजनीतिक दलों को आर्थिक योगदान दिया है। थूथुकुडी के लायंस टाउन स्थित स्नो शो ने डिमांड ड्राफ्ट के माध्यम से चंदा दिया। इसी पते पर पंजीकृत स्नो एक्सपोर्ट्स एंड इंपोर्ट्स ने भी डिमांड ड्राफ्ट के जरिए 6 लाख रुपये का योगदान किया।
AIADMK को मिला 161.35 करोड़ रुपये का स्वैच्छिक चंदा
दूसरी ओर, AIADMK ने वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान करीब 161.35 करोड़ रुपये का स्वैच्छिक योगदान मिलने की जानकारी दी है। इसके अतिरिक्त उपलब्ध आंकड़ों में 191.19 करोड़ रुपये के योगदान का भी उल्लेख है। इस राशि में टाइगर एसोसिएट्स 125 करोड़ रुपये के योगदान के साथ सबसे बड़े दानदाता के रूप में सामने आया।
कोलकाता स्थित लॉटरी कंपनी टाइगर एसोसिएट्स का संबंध एक साझा कारोबारी साझेदार के माध्यम से लॉटरी कारोबारी सैंटियागो मार्टिन से बताया गया है। कंपनी के साझेदार सुब्बयन नागराजन, मार्टिन के पुराने सहयोगी हैं। कॉर्पोरेट रिकॉर्ड के मुताबिक, नागराजन एक अन्य फर्म में भी साझेदार हैं।
चुनावी बॉन्ड पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले से पहले चर्चा में थी मार्टिन की कंपनी
फरवरी 2024 में सुप्रीम कोर्ट द्वारा चुनावी बॉन्ड योजना को रद्द किए जाने से पहले सैंटियागो मार्टिन की कंपनी फ्यूचर गेमिंग एंड होटल सर्विसेज चुनावी बॉन्ड खरीदने वाली सबसे बड़ी कंपनी थी। कंपनी ने चुनावी बॉन्ड के माध्यम से डीएमके को 509 करोड़ रुपये का चंदा दिया था। राजनीतिक दलों को मिलने वाले चंदे के इन आंकड़ों से तमिलनाडु की राजनीति में बड़े दानदाताओं और उनके वित्तीय योगदान को लेकर चर्चा तेज हो सकती है।








